Happy new year 2022 लैबानो राम खरसैल

नववर्ष
कालचक्र के गतिक्रम में
फिर आया सज-धज वर्ष नया।
बारहमास की षड़ ऋतुओं का
शुरूआत करने आया वर्ष नया।
उम्मीदें नयी, अंदाज नया,
दिल में है अहसास नया,
मंगल कार्य प्रारंभ करो
असफलताओं से ना डरो,
कब तक पिछड़ा पन ढोओगे
उड़ान भरने का साहस करो,
अनुभवों का उपयोग करना,
त्याग आलस शर्म हया। फिरआया सज-धज वर्ष नया।।
देखो बहुतों ने आगे बढ़ा है,
मुसीबतों से खूब लड़ा है,
अभावों की जंजीर काटते,
नया सुंदर कहानी गढ़ा है,
सुनहरा अवसर,देख उठकर,
बदनसीब वक्त गुजर गया।
फिर आया से ने वर्ष नया।।

स्वरचित मौलिक रचना है।

लैबानो राम खरसैल
सरनाबहाल जिला गरियाबंद
छत्तीसगढ़

Share