नव वर्ष गीत-डॉ.रवीन्द्र कुमार ठाकुर

नव वर्ष गीत

जात पात वोट को छोड़ कर ,
सब भारतीयों को जोड़ कर ।
नववर्ष नई सदी में मोड़ कर ,
उठ जाग नव कोई गीत गायें ।

भेदभाव चक्रव्यूह से निकल ,
गरीब को हम सबल बनायें ।
धर्म जाति के बन्धन से मुक्त ,
विश्व चक्षु में ऊपर उठ जायें ।

खून पसीने, कर के पैसे को ,
यूँही न हर किसी को लुटायें ।
तुष्टिकरण वोट राजनीति से ,
देश भविष्य न धूमिल बनायें ।

आरक्षण नहीं क्षरण देश का ,
समाज मे न ये आरी चलायें ।
भ्रातृभाव बंधुत्व के भाव को,
पुनः अमरत्व की ओर लायें ।

वैदिक भारतीय संस्कृति को ,
विश्व पटल पर फिर फहरायें ।
सत्ता सुख की खातिर मित्रो ,
भूखे नेताओं से राष्ट्र बचायें ।

एक भारत श्रेष्ठ भारत हेतु ,
नागरिक एक ,विधि में लायें ।
भारत में ,सच्चे भारतीय रहें ,
नमक हरामी खुद भाग जायें ।।

डॉ.रवीन्द्र कुमार ठाकुर
हि. प्र. पु. से. ( से. नि. )
*स्वतंत्रता सेनानी सदन*
गांव व डाकघर कोट , जिला-बिलासपुर
हिमाचल प्रदेश , पिन -174028
मो. न.9418638100 ,7018241067

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