काश कभी यूँ होता

काश कभी यूँ होता…!! कुछ ना कहूँ जब जब मैं, मेरी ख़ामोशी का तुम लब ढूँढ लेना ! कुछ ना लिख पाऊँ जब , तुम मेरा मन पढ़ लेना !! उदासी मेरे चेहरे पे हो जब, मेरे हिस्से का तुम मुस्कुरा लेना ! ना दिखूँ कभी सामने तो , हवाओं से मेरी हाल पूछ लेना … Read more

Her body is like a flower

Her body is like a flower, It’s a delicate walkland. the street she passed The street is also a garland. Fragrance fragrance her eyes, There is redness on the lips. The whole mood is of fun, Ever since she appeared. watch the world run There is an earthquake. When you slowly lift your eyelids, The … Read more

गजल सुषमा सिंह

गजल ———– मंदिर में रोज माथ नवाने लगा हूॅं मै। कि तेरे लिए मन्नतें माॅंगने लगा हूॅं मै।। तू खुश रहे बस यही चाहत है मेरी। छुप-छुप तेरी तस्वीरें निहारने लगा हूॅं मै।। अक्सर दोस्तों से जिक्र करता रहता तेरा। तेरी तारीफों के कसीदे काढ़ने लगा हूॅं मै।। तू होगी तो कितनी खुशगवार होगी जिंदगी। … Read more

नव वर्ष-ऊषा श्रीवास्तव-

नव वर्ष उषा श्रीवास्तव नव संवत्सर सत संवत्सर कण-कण खुशियाली छाई है, स्वागत है नव शुभ वेला में तुम आ जाना इसवार प्रिये। मै राह निहारूगी तेरी सरसों की पीली क्यारी में, टेसू के गुच्छे लाल लिए तुम आ जाना इसवार प्रिये। मदहोश महक है महुए की कोयल की कूक निराली है, अंतर्मन में मधुमास … Read more

नव वर्ष-प्रियांशी मिश्रा

नव वर्ष World of writers बुराईयों और बीमारियों को बीते वर्ष में छोड़ चलेंगे, खुशियों और उल्लास के संग नव वर्ष में हम प्रवेश करेंगे। नयी उमंग और नयी तरंग संग मन में एक संकल्प करेंगे, बेटियों और बहनों को अब प्रताड़ित नहीं करेंगे। आने वाले नव वर्ष में लोग स्वस्थ और शिक्षित हो, नव … Read more

नव वर्ष -अमरनाथ सोनी -अमर

नव वर्ष काव्य प्रतियोगिता! बिधा – गीत! मात्रा भार- 16-14. शीर्षक एबं बिषय- नव वर्ष में नव सृजन! नवल वर्ष का स्वागत कर लें, नव- नूतन -निर्मान करें! नये वर्ष के इस वेला में, जन जागृति अभियान भरें! दीन -दुखी अरु असहायों का, सब मिल कर कल्यान करें! स्वागत नूतन नवल वर्ष में, आओ नया … Read more

आया नया साल-डिम्पल भुत

आया नया साल, हसता हुआ खुशहाल। चलो करे तैयारी, सजाए दुनिया सारी। स्वागतम।।।।सुस्वागतम आओ सब गम भूल जाओ, हो जाओ मशगूल। बस खुशहाल बने जीवन, एक हो हमारी धुन। स्वागतम।।।।सुस्वागतम कोविद का सपना था बुरा, था हर घर मजबूर। सब मिलकर खुशिया बांटे, हो न कोई परिजन दूर। स्वागतम।।।।सुस्वागतम आओ करे विश्व शांति संकल्प, बस … Read more

नया साल-अंजू सैनी सपना

नया साल ______________________ *न* व प्रभात का उद्गम ही तो। *या* दों का है सफर सुहाना।। *सा* रा जीवन हंस-हंसकर गुजरे। *ल* गने ना पाए गम के धारे। *मु* स्कराकर इसका स्वागत तुम करना। *बा* गों में कांटों से हटकर फूलों को चुनना।। *र* खना प्यार सदा तुम संचित। *क* रना ना मुझको प्यार से … Read more