दीप प्यार का जलाने चला हूं

दीप प्यार का जलाने चला हूं मुस्कानों के मोती लुटाते दीप प्यार का जलाने चला हूं। खुशियों से भरे दामन मेरा रिश्तो को निभाने चला हूं। दीप प्यार का जलाने चला हूं गीतों की रसधार लिए गीत कोई गुनगुनाने चला हूं। शब्द सुधारस प्यार की कविता कोई बनाने चला हूं। प्रित प्रेम के तराने लेकर … Read more